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Rani lakshmibai रानी लक्ष्मीबाई की वीरगाथा
रानी लक्ष्मीबाई मराठा शासित झाँसी राज्य की रानी थीं और 1857 के प्रथम भारतीय स्वतन्त्रता संग्राम में अंग्रेजी हुकुमत के विरुद्ध बिगुल बजाने वाले वीरों में से एक थीं। वे ऐसी वीरांगना थीं।

Rani lakshmibai रानी लक्ष्मीबाई की वीरगाथा

Rani lakshmibai रानी लक्ष्मीबाई की वीरगाथा Rani lakshmibai मराठा शासित झाँसी राज्य की रानी थीं और 1857 के प्रथम भारतीय स्वतन्त्रता संग्राम में अंग्रेजी हुकुमत के विरुद्ध बिगुल बजाने वाले…

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Mangal pandey मंगल पांडे और भारत का पहला स्वतंत्रता संग्राम
मंगल पांडे जन्म: 30 जनवरी 1831, नगवा गांव, बलिया जिला निधन: 8 अप्रैल 1857, बैरकपुर, पश्चिम बंगाल कार्य: सन् 1857 के प्रथम भारतीय स्वतन्त्रता संग्राम के अग्रदूत

Mangal pandey मंगल पांडे और भारत का पहला स्वतंत्रता संग्राम

Mangal Pandey मंगल पांडे और भारत का पहला स्वतंत्रता संग्राम Mangal pandey जन्म: 30 जनवरी 1831, नगवा गांव, बलिया जिलानिधन: 8 अप्रैल 1857, बैरकपुर, पश्चिम बंगालकार्य: सन् 1857 के प्रथम…

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Shivaji Maharaj Biography शिवाजी महाराज की जीवनी
शिवाजी का जन्म शाहजी भोंसले की प्रथम पत्नी जीजाबाई की कोख से 10 अप्रैल, 1627 ई. को शिवनेर के दुर्ग में हुआ था. शिवनेर का दुर्ग पूना से उत्तर जुन्नार नगर के पास था.

Shivaji Maharaj Biography शिवाजी महाराज की जीवनी

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Chanakya चाणक्य जीवनी और नीति को जाने
नाम :- कौटिल्य अथवा 'चाणक्य' अथवा 'विष्णुगुप्त' (जन्म- अनुमानत: ईसा पूर्व 370, पंजाब; मृत्यु- अनुमानत: ईसा पूर्व 283, पाटलिपुत्र) सम्पूर्ण विश्व में एक महान राजनीतिज्ञ और मौर्य सम्राट चंद्रगुप्त मौर्य के महामंत्री के रूप में प्रसिद्ध हैं।

Chanakya चाणक्य जीवनी और नीति को जाने

Chanakya चाणक्य जीवनी और नीति को जाने Chanakya नाम :- कौटिल्य अथवा 'चाणक्य' अथवा 'विष्णुगुप्त' (जन्म- अनुमानत: ईसा पूर्व 370, पंजाब; मृत्यु- अनुमानत: ईसा पूर्व 283, पाटलिपुत्र) सम्पूर्ण विश्व में…

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Atharva Veda अथर्ववेद संहिता के बारे में जाने
अथर्ववेद की भाषा और स्वरूप के आधार पर ऐसा माना जाता है कि इस वेद की रचना सबसे बाद में हुई थी। अथर्ववेद के दो पाठों, शौनक और पैप्पलद, में संचरित हुए लगभग सभी स्तोत्र ऋग्वेद के स्तोत्रों के छदों में रचित हैं।

Atharva Veda अथर्ववेद संहिता के बारे में जाने

Atharva Veda अथर्ववेद संहिता के बारे में जाने Atharva Veda अथर्ववेद की भाषा और स्वरूप के आधार पर ऐसा माना जाता है कि इस वेद की रचना सबसे बाद में…

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Samaveda चार वेदों में से एक सामवेद के बारे में जाने
सामवेद साम' शब्द का अर्थ है 'गान'। सामवेद में संकलित मंत्रों को देवताओं की स्तुति के समय गाया जाता था। सामवेद में कुल 1875 ऋचायें हैं। जिनमें 75 से अतिरिक्त शेष ऋग्वेद से ली गयी हैं। इन ऋचाओं का गान सोमयज्ञ के समय 'उदगाता' करते थे। सामदेव की तीन महत्त्वपूर्ण शाखायें हैं-

Samaveda चार वेदों में से एक सामवेद के बारे में जाने

चार वेदों में से एक सामवेद के बारे में जाने Samaveda साम' शब्द का अर्थ है 'गान'। सामवेद में संकलित मंत्रों को देवताओं की स्तुति के समय गाया जाता था।…

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Bhaagwat puraan भागवत पुराण परिचय,  सृष्टि-उत्पत्ति और वर्णन
भागवत पुराण हिन्दुओं के अट्ठारह पुराणों में से एक है। इसे श्रीमद्भागवतम् या केवल भागवतम् भी कहते हैं। इसका मुख्य वर्ण्य विषय भक्ति योग है, जिसमे कृष्ण को सभी देवों का देव या स्वयं भगवान के रूप में चित्रित किया गया है।

Bhaagwat puraan भागवत पुराण परिचय, सृष्टि-उत्पत्ति और वर्णन

भागवत पुराण परिचय, सृष्टि-उत्पत्ति और वर्णन Bhaagwat puraan - भागवत पुराण हिन्दुओं के अट्ठारह पुराणों में से एक है। इसे श्रीमद्भागवतम् या केवल भागवतम् भी कहते हैं। इसका मुख्य वर्ण्य…

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Agni puran से बुद्ध और कल्कि अवतार भगवान् विष्णु के अवतार कि कथा
अग्नि देव ने वशिष्ठ जी को भगवन विष्णु के मछली के अवतार की कथा सुनाई | कई साल पहले, पूरी दुनिया को नष्ट कर दिया गया था. भूलोक (पृथ्वी), स्वर्लोक या स्वर्ग है और भुवर्लोक या पृथ्वी और स्वर्ग के बीच एक क्षेत्र है। सब जगह पानी से भर गया.

Agni puran से बुद्ध और कल्कि अवतार भगवान् विष्णु के अवतार कि कथा

अग्नि पुराण से बुद्ध और कल्कि अवतार : भगवान् विष्णु के मत्स्य अवतार कि कथा Agni puran अग्नि देव ने वशिष्ठ जी को भगवन विष्णु के मछली के अवतार की…

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Historical places of India भारत के ऐतिहासिक स्थल
Historical Places of India भारत के ऐतिहासिक स्थल 1.मोहनजोदड़ो (Mohenjo-daro) मोहनजोदड़ो का शाब्दिक अर्थ है मृतकों का टीला. इसे सिंध का नखलिस्तान या सिंध का बाग़ भी कहते हैं।

Historical places of India भारत के ऐतिहासिक स्थल

Historical Places of India भारत के ऐतिहासिक स्थल Historical places of India मोहनजोदड़ो का शाब्दिक अर्थ है मृतकों का टीला. इसे सिंध का नखलिस्तान या सिंध का बाग़ भी कहते…

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Vedas हिन्दू वेदों के प्रकार, इतिहास, वेद-सार और भी बहोत कुछ जानें
वेद प्राचीन भारत में रचित विशाल ग्रन्थ हैं। इनकी भाषा संस्कृत है जिसे 'वैदिक संस्कृत' कहा जाता है। ये संस्कृत साहित्य ही नहीं वरन् विश्व साहित्य के प्राचीनतम ग्रन्थ हैं। वेद हिन्दुओं के धर्मग्रन्थ भी हैं। वेदों को 'अपौरुषेय' (जिसे कोई व्यक्ति न कर सकता हो) माना जाता है तथा ब्रह्मा को इनका रचयिता माना जाता है। इन्हें 'श्रुति' भी कहते हैं जिसका अर्थ है 'सुना हुआ' ।

Vedas हिन्दू वेदों के प्रकार, इतिहास, वेद-सार और भी बहोत कुछ जानें

हिन्दू वेदों के प्रकार, इतिहास, वेद-सार और भी बहोत कुछ जानें vedas वेद प्रकार:- वेद प्राचीन भारत में रचित विशाल ग्रन्थ हैं। इनकी भाषा संस्कृत है जिसे 'वैदिक संस्कृत' कहा…

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